सुबह और शाम ओस से भरी घास पर नंगे पैर चलने से सेहत पर होते हैं कई फायदे

हरी घास पर चलने से न केवल आंखों को फायदा होता है, बल्कि शरीर के अन्य हिस्सों पर भी इसका अच्छा प्रभाव पड़ता है। तो आइए जानते हैं कि हर दिन 10 मिनट तक हरी घास पर चलने के क्या फायदे हैं।
जब हम घास पर नंगे पैर चलते हैं, तो हम पृथ्वी के इन गुणों से सीधे जुड़े होते हैं। यह हमारे शरीर के पूरे चक्र को प्रभावित करता है। आपने ये भी सुना होगा कि सुबह-शाम हरी घास पर चलने से आंखों पर अच्छा असर पड़ता है और इससे आपकी आंखों को कई फायदे मिलते हैं। लेकिन हरी घास पर चलने से न केवल आंखों को फायदा होता है
बल्कि शरीर के अन्य हिस्सों पर भी इसका अच्छा प्रभाव पड़ता है। तो आइए जानते हैं कि हर दिन 10 मिनट तक हरी घास पर चलने के क्या फायदे हैं। रिफ्लेक्सोलॉजी- हमारे पैर रिफ्लेक्सोलॉजी के मुख्य केंद्र हैं जो शरीर के विभिन्न हिस्सों से जुड़े होते हैं। रिफ्लेक्सोलॉजी के नियमों के अनुसार, शरीर के बाकी हिस्से भी पैर में मौजूद दबाव बिंदुओं को आराम देकर लाभान्वित होते हैं।
आंख, चेहरे की नसों, तिल्ली, पेट, मस्तिष्क, गुर्दे जैसे विभिन्न अंगों के लिए हमारे पैरों में बिंदु मौजूद होते हैं। हरी घास पर चलने से इन बिंदुओं पर दबाव पड़ता है और हमारे शरीर की कार्यक्षमता बढ़ती है। डॉक्टरों के अनुसार, जब हम घास पर चलते हैं, तो पैरों से जुड़ी नसों पर हल्का दबाव पड़ता है और हमारे पूरे शरीर को आराम मिलता है। प्रकृति के साथ संबंध - यह आपको पृथ्वी से जोड़ता है और विद्युत ऊर्जा को केंद्रित करता है।
नेचुरोपैथी में थेरेपी पांच तत्वों पर आधारित है। जिनमें से एक पृथ्वी है। जो चुंबकीय क्षेत्र और विशेष शक्ति संचरण करता है। इसीलिए जब हम घास पर नंगे पैर चलते हैं, तो हम पृथ्वी के इन गुणों से सीधे जुड़ जाते हैं। यह हमारे शरीर के पूरे चक्र को प्रभावित करता है। यह शरीर में मौजूद नकारात्मक ऊर्जा को नियंत्रित करता है और हमारे स्वास्थ्य पर सकारात्मक प्रभाव डालता है।